'नादानुराग' संगीत संध्या में गूंजा नाद ब्रह्म, युवा कलाकारों ने बांधा समां | Aarcc Live News Varanasi
रिपोर्ट/आलोक चतुर्वेदी
वाराणसी। पिलग्रिम्स पब्लिशिंग एवं शास्त्र संग्रहालय एवं अनुसंधान ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में ‘नादानुराग’ शीर्षक से आयोजित संगीत संध्या का भव्य आयोजन 19 फरवरी 2026 को दुर्गाकुंड स्थित पिलग्रिम्स पब्लिशिंग परिसर में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम में भारतीय सनातन ज्ञान एवं संस्कृति के संरक्षण और शोध की भावना के साथ शास्त्रीय संगीत की मधुर प्रस्तुतियां दी गईं।
कार्यक्रम का शुभारंभ ‘ओंकार’ वंदना से हुआ। इस अवसर पर काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के संगीत विभाग की छात्राएं सुश्री डालिया मुखर्जी एवं सुश्री जूलिया मुखर्जी ने शास्त्रीय एवं उपशास्त्रीय गायन की प्रभावशाली प्रस्तुति देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनकी सुरबद्ध प्रस्तुति में नाद ब्रह्म की अनुभूति स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुई।
संगत में तबले पर डॉ. जयदेब मुखर्जी तथा हारमोनियम पर श्रीमती शुचिस्मिता मुखर्जी ने कुशल साथ देकर कार्यक्रम को ऊंचाई प्रदान की। कलाकारों की तालमेल और भावपूर्ण अभिव्यक्ति ने उपस्थित संगीत प्रेमियों को देर तक बांधे रखा।
संयोजक डॉ. जयदेब मुखर्जी ने सभी अतिथियों एवं श्रोताओं का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में शहर के अनेक संगीत प्रेमी, विद्वान एवं गणमान्यजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के सफल आयोजन से काशी की सांस्कृतिक परंपरा को एक नई ऊर्जा मिली और उपस्थित श्रोताओं ने इसे एक सार्थक पहल बताया।








टिप्पणियाँ